समस्तीपुर में धरने पर बैठे वार्ड पार्षद:छोटी योजना टेंडर से कराए जाने का विरोध
समस्तीपुर नगर निगम क्षेत्र में छोटी योजनाओं को भी टेंडर से कराए जाने का विरोध किया जा रहा है। बुधवार को वार्ड पार्षदों ने कलेक्ट्रेट के सामने धरना देकर विरोध जताया। धरना का नेतृत्व पूर्व मंत्री रामाश्रय सहनी कर रहे थे। इस मौके पर बड़ी संख्या में चेयर मैन से नाराज वार्ड पार्षद धरने में शामिल हुए। धरना में शामिल वार्ड पार्षदों ने चेयरमैन के खिलाफ भी जमकर नारेबाजी की।
विकास का काम बाधित होने की कही बात
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नगर निगम सशक्त समिति के सदस्य रंजीत कुमार साह ने कहा कि नगर निगम क्षेत्र की छोटी-छोटी योजनाओं को टेंडर में डाल दिया गया है। जिससे छोटी योजनाएं भी टेंडर प्रक्रिया के तहत कराई जाएगी।
नारेबाजी करते वार्ड पार्षद।
इस नियम की वजह से वार्डों में विकास का काम बाधित हो जाएगा। नाली गली योजना जो पूर्व में स्थानीय स्तर पर हो जाता था, अब वह भी टेंडर की प्रकिया के तहत कराई जाएगी। लाइट योजनाओं को भी इसमें डाल दिया गया है। जिससे वार्ड का विकास रुक गया है। टेंडर की ओर से कराया गया काम सालों लंबित रहता है। लेकिन काम पूरा नहीं होता है। सरकार इस पर पुर्नविचार करें।
वार्ड पार्षद से सवाल पूछ रही जनता
मौके पर पूर्व मंत्री रामाश्रय सहनी ने कहा कि वार्ड में काम नहीं होने से जनता सवाल वार्ड पार्षदों से पूछने लगी है। निगम प्रशासन की ओर से डीपर की खरीदारी की गई थी, लेकिन डीपर से कचरे का उठाव अबतक शुरू नहीं किया गया है। आवास योजनाओं में भुगतान भी नहीं हो पाया है।
वार्ड पार्षद पंकज कुमार साह ने कहा कि टैक्स की बढ़ोतरी कर दी गई। मार्च तक बिना ब्याज का टैक्स लिया जा रहा था। इस अवधि में काफी लोगों ने टैक्स का भुगतान किया। इस अवधि को बढ़ाया जाना चाहिए, ताकि अधिक से अधिक लोग टैक्स का भुगतान कर सकें।नगर निगम की छोटी योजनाओं को टेंडर से मुक्त किया जाय। बाद में नगर निगम के आयुक्त मौके पर पहुंच कर वार्ड पार्षदों का ज्ञापन लिया। साथ ही भरोसा दिलाया कि उनकी मांग सरकार को भेजी जाएगी।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
