दरभंगा से स्कूल जाने निकले पांच बच्चे समस्तीपुर पहुंचे:RPF से कहा- घूमने के लिए निकले थे
समस्तीपुर/दरभंगा के पांच स्कूली छात्र स्कूल जाने के बजाय ट्रेन से समस्तीपुर पहुंच गए। रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने उन्हें समस्तीपुर रेलवे स्टेशन पर भटकते हुए पाया और सकुशल रेस्क्यू कर बाल संरक्षण से जुड़ी एक निजी संस्था को सौंप दिया।
RPF टीम को प्लेटफॉर्म पर बच्चों को बिना किसी पेरेंट्स के घूमते देख संदेह हुआ। पूछताछ में बच्चों ने बताया कि वे स्कूल जाने की बजाय ट्रेन से घूमने निकल गए थे और समस्तीपुर पहुंच गए। यहां वो भटक गए।
सभी छात्र दरभंगा के राजकीय मध्य विद्यालय, गौसाघाट के विद्यार्थी हैं। वे घर से स्कूल बैग लेकर स्कूल जाने के लिए निकले थे, लेकिन स्कूल नहीं पहुंचे। उन्होंने ककरघट्टी रेलवे स्टेशन से ट्रेन पकड़ी और समस्तीपुर पहुंच गए।प्लेटफॉर्म पर अकेले घूम रहे बच्चों को देखकर RPF टीम ने उन्हें रोका और पूछताछ की। बच्चों ने अपना नाम, पता और स्कूल की जानकारी दी। RPF प्रभारी निरीक्षक श्याम कुमार के निर्देश पर सभी बच्चों को RPF पोस्ट लाया गया और आवश्यक प्रक्रिया पूरी की गई।
बरामद किए गए बच्चों की पहचान…
पूछताछ में बच्चों ने अपनी पहचान दरभंगा जिले के गौसाघाट मोसिनपुर थाना सदर क्षेत्र के निवासी के रूप में बताई। इनमें कक्षा छह के 11 वर्षीय राजीव कुमार (पिता मिथिलेश यादव), कक्षा सात के 12 वर्षीय शिवम कुमार (पिता कमलेश यादव) और 12 वर्षीय अश्मित कुमार (पिता हीरालाल यादव), और कक्षा पांच के 12 वर्षीय राहुल कुमार (पिता इंदल यादव) और 10 वर्षीय मनजीत कुमार (पिता लालबाबू यादव) शामिल हैं।
बच्चों को स्टेशन से बरामद किया गया है।
RPF ने तत्काल बाल संरक्षण से जुड़ी संस्था के रेस्क्यू प्रभारी सोनेलाल ठाकुर को मामले की सूचना दी। संस्था की टीम मौके पर पहुंची और सभी बच्चों को अपने संरक्षण में लिया। सोनेलाल ठाकुर ने बताया कि बच्चों के घर का पता और परिजनों का मोबाइल नंबर हासिल कर उन्हें सूचित कर दिया गया है।उन्होंने बताया कि सभी बच्चों को नियमानुसार जुवेनाइल सेंटर (बाल देखभाल गृह) ले जाया जाएगा। वहां आवश्यक कानूनी और बाल संरक्षण संबंधी प्रक्रिया पूरी की जाएगी। परिजनों के पहुंचने और पहचान की पुष्टि होने के बाद सभी बच्चों को सुरक्षित उनके परिवार के हवाले कर दिया जाएगा।
रेलवे अधिकारियों ने पेरेंट्स से अपील की है कि बच्चों की गतिविधियों पर विशेष ध्यान दें और उन्हें बिना किसी बड़े की निगरानी के ट्रेन यात्रा नहीं करने दें, ताकि इस प्रकार की घटनाओं से बचा जा सके।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
