बिहार का मौसम:अप्रैल में ही गर्मी बर्दाश्त के बाहर:मई से पहले ही ‘पीक’ पर पहुंचा पारा,लू का कहर
बिहार का मौसम:पटना.बिहार में इस बार कुदरत के तेवर डरावने हैं। जो गर्मी मई और जून के अंत में रुलाती थी, उसने अप्रैल में ही हाहाकार मचा दिया है। बुधवार को बक्सर (डुमरांव) में पारा 44.4 डिग्री सेल्सियस तक जा पहुंचा। यह अप्रैल के इतिहास के ‘ऑल टाइम रिकॉर्ड’ (44.5 डिग्री, 30 अप्रैल 2016) से महज 0.1 डिग्री कम है। चौंकाने वाली बात यह है कि 2016 में यह रिकॉर्ड महीने के आखिरी दिन बना था, लेकिन इस बार 8 दिन पहले ही सूरज ने आग उगलनी शुरू कर दी है।
राजधानी पटना समेत सूबे के आधे से ज्यादा जिलों में पारा 40 डिग्री के पार है। गया में 42.2 और रोहतास में 42.4 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले कुछ दिनों में पारा 2 से 4 डिग्री और चढ़ सकता है। यानी अप्रैल में ही तापमान 46 डिग्री के करीब पहुंच जाए, तो ताज्जुब नहीं। अस्पतालों में हीट स्ट्रोक के मरीज बढ़ रहे हैं और बिजली की डिमांड ने सारे पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। खेतों में नमी तेजी से खत्म हो रही है, जिससे फसलों पर संकट के संकेत हैं। विशेषज्ञ इसे जलवायु परिवर्तन का स्पष्ट संकेत मान रहे हैं। उनका कहना है कि अब गर्मी जल्दी शुरू हो रही है, ज्यादा लंबी चल रही है और ज्यादा तीव्र होती जा रही है। यदि यही रुझान जारी रहा तो आने वाले वर्षों में अप्रैल भीषण गर्मी का स्थायी महीना बन सकता है।
दशक का सबसे गर्म अप्रैल
कालखंड तापमान का रुझान स्थिति
सामान्य (पुराना) 38 से 40°°C मध्यम गर्मी
2015-2020 38 से 41°C कभी-कभी लू
2022 – 2024 40 से 42°C तेज गर्मी का दौर
2026 (अब) 42 से 44.4°C रिकॉर्ड तोड़ तपन
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
