समस्तीपुर के बटहा विद्यालय में बेटियों ने रचा इतिहास,मां दुर्गा के नौ रूपों..
समस्तीपुर जिले के रोसड़ा स्थित सुन्दरी देवी सरस्वती विद्या मंदिर सैनिक स्कूल, बटहा में नवरात्रि के पावन अवसर पर एक भव्य एवं भक्तिमय सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस अवसर पर विद्यालय की बालिकाओं ने मां दुर्गा के नौ स्वरूपों का जीवंत मंचन कर श्रद्धा, भक्ति और नारी शक्ति का अद्भुत संदेश प्रस्तुत किया. बालिकाओं की आकर्षक झांकी देखकर पूरा विद्यालय परिसर जयकारों और भक्तिमय वातावरण से गुंजायमान हो उठा.
मां दुर्गा के नौ स्वरूपों का जीवंत मंचन
कार्यक्रम के दौरान बालिकाओं ने मां दुर्गा के नवदुर्गा स्वरूपों—शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी, चंद्रघंटा, कूष्मांडा, स्कंदमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी और सिद्धिदात्री के रूप धारण कर उनकी महिमा को जीवंत कर दिया. इस मनमोहक प्रस्तुति के जरिए यह संदेश दिया गया कि भारतीय सनातन परंपरा में नारी को शक्ति, साहस, त्याग और सृजन का प्रतीक माना गया है. नारी न केवल परिवार, बल्कि समाज और राष्ट्र के नवनिर्माण में भी अग्रणी भूमिका निभाती है.
आत्मनिर्भरता और नेतृत्व क्षमता पर जोर
आयोजन को संबोधित करते हुए विद्यालय के प्रधानाचार्य रामचंद्र मंडल ने कहा कि इस प्रकार के धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन बालिकाओं के भीतर छिपी प्रतिभा, साहस और नेतृत्व क्षमता को निखारने का सशक्त माध्यम हैं. इससे छात्राओं में आत्मसम्मान, आत्मविश्वास और अपनी समृद्ध संस्कृति के प्रति गौरव की भावना जागृत होती है. उन्होंने कहा कि बेटियों में असीम क्षमता है, बस उन्हें उचित अवसर और प्रोत्साहन देने की आवश्यकता है ताकि वे आत्मनिर्भर बनकर राष्ट्र निर्माण में योगदान दे सकें.
सांस्कृतिक धरोहर और सर्वांगीण विकास
प्रधानाचार्य ने आगे कहा कि आधुनिकता के दौर में नई पीढ़ी को पौराणिक मान्यताओं, संस्कारों और सनातन परंपराओं से जोड़े रखना बेहद जरूरी है. ऐसे आयोजनों से बालिकाओं का मंच भय (स्टेज फियर) समाप्त होता है और उनके व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास होता है. कार्यक्रम को सफल बनाने में प्रभारी प्रधानाचार्य घनश्याम मिश्र, मनोज राय, प्रसेनजीत घोष, मनोज हिमांशु, सावित्री कुमारी, पूनम सिंह, पिंकी कुमारी, कोमल कुमारी, रीना शर्मा, स्मिता कुमारी सहित सभी शिक्षकों का सराहनीय सहयोग रहा.
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
