समस्तीपुर:पढ़ाया-लिखाया,सरकारी टीचर बनाया; अब पत्नी बोली मंगलसूत्र लो दूसरी शादी कर लो,हसबेंड नहीं मानती
समस्तीपुर :पटना.मेरी पत्नी ने अपना मंगलसूत्र खोलकर मेरे हाथों में रख दिया। उसने कहा-मैं आपको अपना पति नहीं मानती हूं। आप दूसरी शादी कर सकते हैं।’ये बातें उस पति ने कही, ‘जिसने शादी के बाद अपनी पत्नी को पढ़ाया-लिखाया, BA, MA, BLIS, B.Ed की डिग्री दिलाई। अब पत्नी टीचर बनी गई है तो किसी दूसरे व्यक्ति के कारण मुझे छोड़कर चली गई है।”तलाक देने की बात कह रही है। यह मामला अब बिहार राज्य महिला आयोग पहुंचा है। अपनी पत्नी की हरकत से परेशान पति की सास ने गुरुवार को अपनी बेटी के खिलाफ शिकायत की है।’
शादी से पहले उसके लिए लड़का देखने भी जाता था
समस्तीपुर के सरायरंजन प्रखंड के राजेश कुमार (काल्पनिक नाम) ने बताया कि ‘हमारी शादी किरण (काल्पनिक नाम) से 10 फरवरी 2013 को हुई थी। हम अपने ससुर को पहले से जानते थे। दोनों एक साथ स्कूल में पढ़ाते थे। फिर दोनों ने मिलकर एक कॉन्वेंट स्कूल शुरू किया था।”’इस दौरान हम अपने ससुर के साथ लड़का देखने भी गए थे, लेकिन बात न बनी। बाद में ससुर ने अपनी बेटी के लिए मुझे पसंद किया और बात आगे बढ़ी। हालांकि, यह अरेंज मैरिज थी।’
घर से 15 किलोमीटर दूर रोज कोचिंग ले जाता था
‘दोनों की शादी काफी धूमधाम से हुई थी। किरण को पढ़ने-लिखने का काफी शौक था। इसलिए राजेश ने अपनी कमाई से उसे BA करवाया, फिर MA, BLIS, B.Ed की डिग्री दिलाई। बाद में जब किरण को बैंकिंग का शौक चढ़ा तो राजेश ने उसे एक बैंकिंग कोचिंग में दाखिला दिलवाया। राजेश प्रत्येक दिन किरण को अपने घर से 15 किलोमीटर दूर कोचिंग छोड़ता था और उसे वापस भी लाता था।’
पति-पत्नी की अलग-अलग ब्लॉक में हुई बहाली
पति राजेश ने कहा-‘शादी के 10 साल तक सब कुछ ठीक था। जैसे ही किरण की जॉब लगी, उसके बाद से चीजें बिगड़ने लगी। हम और किरण ने STET का फॉर्म भरा और क्वालीफाई होने के बाद मेरिट लिस्ट में भी नाम आ गया।’समस्या यह थी कि दोनों का अलग-अलग ब्लॉक मिला। दरभंगा के बिरौल में पत्नी और हाया घाट में मेरा नाम था। हमने फरवरी 2022 में जॉइनिंग की। हम दोनों बहेरी ब्लॉक में किराए का घर लेकर साथ रहने लगे, ताकि अपने-अपने स्कूल में जाने-आने में परेशानी ना हो।’
रात-रात भर पत्नी दूसरे से करती थी बात
पति ने आगे कहा, ‘मैं अपनी पत्नी को स्कूल के लिए बस स्टैंड छोड़ने जाता था तो रविकांत भी वहीं खड़ा रहता था। किरण रात-रात भर रविकांत से बात करती थी। इसको लेकर विवाद शुरू हो गया। मार्च 2023 से हमारा बेड अलग हो गया और किरण अलग सोने लगी थी। जून 2023 में किरण ने मुझसे काशी घूमने जाने की बात कही। मैंने मना किया तो उसने चोरी-छिपे अपना टिकट बनवा लिया और कहा कि उसके स्कूल से टीचर जा रही हैं’।
झूठ बोलकर काशी जा रही थी पत्नी
‘मैंने टिकट को कैंसिल करवाने को कहा तो वह नहीं मानी। मेरा कंफर्म टिकट नहीं था फिर भी हम गए। स्टेशन पर मैंने देखा कि रविकांत भी मौजूद है और उसके साथ कुछ अन्य टीचर भी है। उन्होंने कहा कि हमारी बोगी अलग थी, लेकिन किरण ने कभी भी मेरा हाल चाल जानने की कोशिश नहीं की। वह रविकांत के साथ ही थी।”हैरानी की बात यह है की वापसी में किरण ने अपना टिकट जमुई का कराया था, जहां रविकांत का घर है।’।
जनवरी 2025 में पत्नी ने भेजा तलाक का नोटिस
पति-पत्नी के बीच विवाद चलता रहा। फिर एक दिन हम दोनों के बीच काफी विवाद बढ़ गया। इसके बाद किरण अलग रहना चाहती थी। इस दौरान शिक्षक के ट्रांसफर की प्रक्रिया हुई, तो किरण ने अपना गृह जिला छोड़कर सुदूर इलाका चुना। उसने अपना ट्रांसफर मायके और ससुराल से दूर लखीसराय करवा लिया। फिर जनवरी 2025 में अचानक से तलाक के लिए नोटिस भेज दिया।राजेश ने कहा कि ‘मैं अभी भी अपनी पत्नी और 9 साल की बच्ची को साथ रखना चाहता हूं। मैंने काफी कोशिश की, ताकि दोनों के बीच समझौता हो जाए और वह मान जाए। लेकिन वह मेरे साथ रहने को तैयार नहीं है।’
मेरी बेटी टीचर के बहकावे में आ गई है
राजेश की सास और किरण की मां ने कहा कि ‘आज मैं महिला आयोग में अपने बेटी के खिलाफ आई हूं। मैं बस सच का साथ दूंगी, चाहे मुझे अपने बेटी के खिलाफ ही क्यों न जाना पड़े।’
पत्नी बोली- बेटी नहीं बेटा चाहता था पति
वहीं, राजेश की पत्नी किरण का कहना है कि ‘राजेश काफी मारपीट करता था। वह अपने फैसले को हमारे ऊपर थोपता था। पहली बच्ची बेटी हुई थी इसका भी उसने काफी विरोध किया। वह बेटा चाहता था। इन्हीं सब बातों से विवाद होता था और यही वजह से अलग होना चाहती हूं।’महिला आयोग की अध्यक्ष अप्सरा मिश्रा ने कहा कि ‘आवेदन सास ने दिया है। इसलिए हम पहले पति-पत्नी की काउंसलिंग करेंगे। अगली सुनवाई की तारीख 9 सितंबर है।’
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
