जिंदल ब्रांड का नकली माल बनाने वाली फैक्ट्री पर छापा:2 साल में 10 करोड़ का कम्पनी को नुकसान
पटना के बाइपास थाना क्षेत्र में जिंदल कंपनी के नाम पर नकली करकट बनाने वाली एक फैक्ट्री का भंडाफोड़ हुआ है। पुलिस और कंपनी के अधिकारियों की संयुक्त टीम ने शनिवार को प्रदूषण रोड स्थित इस फैक्ट्री पर छापेमारी की। कंपनी का दावा है कि नकली उत्पादों के कारण उसे पिछले दो वर्षों में लगभग 10 करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है।
छापेमारी के दौरान फैक्ट्री से जिंदल ब्रांड के नाम पर तैयार किए जा रहे दो सेट नकली करकट बरामद किए गए। कंपनी के अधिकारियों के अनुसार, यह फैक्ट्री पिछले करीब 2 वर्षों से जिंदल कंपनी के नाम पर डुप्लीकेट करकट बनाकर बाजार में सप्लाई कर रही थी।जिंदल कंपनी के फील्ड ऑफिसर अंजनी कुमार ने बताया कि कंपनी का मुख्य कार्यालय पश्चिम बंगाल में है। सूचना मिली थी कि पटना में लंबे समय से उनके ब्रांड का इस्तेमाल कर नकली करकट बनाया जा रहा है।
सूचना की पुष्टि के लिए कंपनी की मल्टी प्रोडक्ट टीम के चार सदस्य पटना सिटी सदर अनुमंडल पदाधिकारी के कार्यालय पहुंचे और छापेमारी के लिए मजिस्ट्रेट की प्रतिनियुक्ति का आग्रह किया।
अनुमंडल पदाधिकारी के आवेदन पर बाइपास थाना पुलिस को सूचित किया गया। इसके बाद पुलिस अधिकारियों और कंपनी के प्रतिनिधियों की टीम प्रदूषण रोड स्थित फैक्ट्री पहुंची और छापेमारी की। कंपनी के अधिकारियों ने फैक्ट्री में बन रहे उत्पादों को नकली बताया और दो सेट करकट को सैंपल के रूप में जब्त कर लिया।
अंजनी कुमार के अनुसार, कंपनी की लीगल टीम को लगभग दो महीने पहले इस मामले की जानकारी मिली थी। इसके बाद संबंधित स्थान की लगातार रेकी की जा रही थी। जांच और जानकारी की पुष्टि होने के बाद पुलिस के सहयोग से यह छापेमारी की गई। कंपनी का दावा है कि पिछले दो वर्षों से नकली उत्पादों के निर्माण के कारण उन्हें लगभग 10 करोड़ रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है।कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि छापेमारी के दौरान बरामद करकट की जांच कराई जाएगी। कंपनी का दावा है कि जब्त किए गए प्रोडक्ट जिंदल कंपनी के वास्तविक उत्पाद नहीं हैं, बल्कि कंपनी के नाम और ब्रांड का दुरुपयोग कर तैयार किए गए डुप्लीकेट प्रोडक्ट हैं। पूरे मामले में कंपनी की ओर से कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
मामला दर्ज, कार्रवाई की जाएगी
वहीं, बाईपास थाना प्रभारी ने बताया कि कंपनी की तरफ से लिखित आवेदन दिया गया है। आवेदन के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। पुलिस फैक्ट्री में तैयार किए जा रहे उत्पाद, उनके निर्माण और सप्लाई से जुड़े तथ्यों की भी जांच कर रही है।छापेमारी के दौरान कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर मुस्तफा हुसैन, अधिकारी मजाज अहमद, मोहम्मद सादुल्लाह समेत कंपनी के कई अधिकारी मौजूद रहे।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
