पटना के प्रांजल ओझा सेना में बने लेफ्टिनेंट:चेन्नई में एक साल तक ली ट्रेनिंग,मिली सफलता
पटना.पटना के प्रांजल ओझा (22) ने सीडीएस परीक्षा में सफलता हासिल की है। प्रांजल की मां कीर्ति ओझा शिक्षिका और पिता उदय शंकर ओझा इंस्पेक्टर हैं। कम उम्र में संघ लोक सेवा आयोग के कंबाइंड डिफेंस सर्विसेज एग्जामिनेशन जैसी कठिन परीक्षा पास होने पर परिवार में खुशी का माहौल है।
ऑफिसर ट्रेनिंग अकादमी, चेन्नई में एक साल के कठिन प्रशिक्षण के बाद 7 मार्च को भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने। प्रांजल बचपन से ही आर्मी अफसर बनकर राष्ट्र सेवा करना चाहते हैं। प्रांजल ने बताया कि सेना में अफसर बनने की प्रेरणा बचपन से मिली। सफलता का श्रेय अपनी दादी, माता-पिता, पूरे परिवार, गुरुजनों और दोस्तों को देते हैं।प्रांजल ओझा की शिक्षा शुरू से ही दिल्ली पब्लिक स्कूल, पटना से हुई है। 2021 में इन्होंने इंटर करने के बाद स्नातक में नामांकन के साथ साथ यूपीएससी के सीडीएस परीक्षा की तैयारी का लक्ष्य निर्धारित किया था।
दिल्ली विश्वविद्यालय सें ग्रेजुएशन करने बाद ही कंबाइंड डिफेंस सर्विसेज परीक्षा पास कर बेहद कम उम्र में लक्ष्य हासिल कर ली।
फुटबाल में कई मेडल जीते
प्राञ्जल ओझा इस बात के उदाहरण हैं कि किसी चीज को पाने के लिए जी-जान से कोशिश की जाए, तो इसके लिए नामुमकिन कुछ भी नहीं है। इनका मानना है कि लक्ष्य हासिल करने के लिए कोशिश जरूरी है।
खेलकूद में इनकी बचपन से ही रूचि थी। खासकर फुटबाल इन्हें बहुत पसंदीदा खेल था। फुटबाल में बिहार-दिल्ली विश्वविद्यालय का राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व किया और कई मेडल जीते।
पहले प्रयास में ही कंबाइंड डिफेंस सर्विसेज एक्जामिनेशन में सफलता हासिल की है। इनकी दादीजी बताती है कि बचपन से ही कुशाग्र बुद्धि और रहन-सहन से लगता था कि यह बच्चा बड़ा होकर घर-परिवार का नाम रोशन करेगा। उपलब्धि से परिवार-जानने वालों में खुशी का माहौल है
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
