समस्तीपुर में 129 करोड़ की नल-जल योजना से 47 वार्डों के 15 हजार घरों तक पहुंचेगा पानी
समस्तीपुर.नगर निगम क्षेत्र में लंबे समय से पेयजल संकट झेल रहे हजारों घरों के लिए राहत की उम्मीद जगी है। 129 करोड़ रुपये की लागत से तैयार नल-जल योजना के जरिए 47 वार्डों के करीब 15 हजार वंचित घरों तक शुद्ध पेयजल पहुंचाने की तैयारी पूरी कर ली गई है। योजना का ड्राफ्ट तैयार है और जल्द ही कार्य शुरू होने की संभावना है।हालांकि, निर्माण कार्य में समय लगने के कारण इस गर्मी में इसका लाभ मिल पाना मुश्किल माना जा रहा है।
नगर की कुल आबादी 2,53,136 है। इस आबादी में से 58,535 घरों तक “ नल का जल” पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया था। लेकिन अब तक केवल 43,535 घरों को ही इस योजना का लाभ मिल सका है। शेष करीब 15 हजार घर अब भी योजना से वंचित हैं, जिन्हें इस नई परियोजना के तहत जोड़ा जाएगा। निगम के 47 वार्डों में कुल 17,611 होल्डिंग (घर) दर्ज हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 में इन्हीं होल्डरों से टैक्स वसूली कर निगम ने 11.33 करोड़ से अधिक का लक्ष्य हासिल किया है।
जमीन पर हकीकत अलग, कहीं पानी नहीं तो कहीं पानी की बर्बादी शहर के कई इलाकों में नल-जल योजना का कनेक्शन तो दे दिया गया है, लेकिन नियमित जलापूर्ति नहीं हो पा रही है। कई जगहों पर टेप वाटर सड़कों पर बहता नजर आता है, जिससे पानी की बर्बादी हो रही है।
वहीं दूसरी ओर कई मोहल्लों में लोग आज भी पानी के लिए हैंडपंप या टैंकर पर निर्भर हैं।नगर परिषद से नगर निगम बनने के बाद क्षेत्र का विस्तार हुआ है। इसमें आसपास की 16 पंचायतों के लगभग 66 गांवों को शामिल किया गया है। विस्तार के साथ ही जलापूर्ति की चुनौती भी बढ़ गई है, जिसे अब नई योजना के जरिए संतुलित करने की कोशिश की जा रही है।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
