सिंदूरदान के बीच दूल्हा-दुल्हन को पुलिस ने उठाया:एक लड़के ने फोन कर कहा..
पटना.भागलपुर में गुरुवार देर रात शादी के दौरान पुलिस दूल्हा और दुल्हन दोनों को उठाकर थाने ले गई। दोनों को घंटों थाने में बैठाकर रखा। इस दौरान दूल्हा और दुल्हन से पूछताछ भी की गई।
दरअसल, जिले के बाबा मनोकामना नाथ मंदिर में शादी की रस्में निभाई जा रही थी। दूल्हा, दुल्हन की मांग में सिंदूर भर रहा था। इसी दौरान डायल-112 की टीम आई और शादी रुकवा दी।इसके बाद पुलिस जबरन दूल्हा-दुल्हन को लेकर थाने आ गई। लड़की और लड़के का परिवार भी थाने पहुंचा।दरअसल, पुलिस को एक लड़के ने फोन कर के सूचना दी थी कि शादी जबरदस्ती कराई जा रही है।दुल्हन का नाम लक्ष्मी कुमारी (23) है। वो तिलका मांझी की रहने वाली है। दूल्हा मधुसूदनपुर के नूरपुर नया टोला का रहने वाला है। उसका नाम कौशल कुमार (25) है।
परिवार ने बताया कि आपसी सहमति से रस्में निभाई जा रही थीं। इस बीच अचानक पुलिस पहुंच गई और शादी को रोक दिया।हालांकि, रात करीब 1 बजे पुलिस दोनों को फिर से मंदिर लेकर पहुंची, जहां दोनों की फिर से शादी कराई गई। पूरा मामला मामला तिलकामांझी का है।
दूल्हे के पिता बोले- आपसी सहमति से शादी हो रही थी
दूल्हे के पिता मुकेश मंडल ने बताया, ‘कौशल और लक्ष्मी के बीच 2 साल से अफेयर चल रहा था। दो दिन पहले घर से भाग थे। इसके बाद दोनों को खोजकर लाया।”परिवार के आपसी सहमति से शादी कराने का फैसला लिया। मंदिर में शादी चल रही थी। तभी पुलिस पहुंच गई। दोनों को लेकर थाने आ गई।’दूल्हा और दुल्हन को थाने लाने की खबर मिलते ही दोनों पक्षों के लोग नाथनगर पुलिस स्टेशन पहुंचे। परिजनों का कहना था कि जब दोनों बालिग हैं और परिजनों की सहमति भी है, तो पुलिस को हस्तक्षेप का कोई अधिकार नहीं है।’
पुलिस की कार्यशैली पर उठाए सवाल
जानकारी के मुताबिक एक लड़के ने पुलिस को फोन करके बताया कि एक लड़की को भगाकर मंदिर में जबरन शादी कराई जा रही है। जिसके बाद आनन-फानन में डायल-112 की टीम मंदिर पहुंची थी। पुलिस सूचना देने वाले युवक की पहचान में जुट गई है।ग्रामीणों का कहना है, ‘मामला आपसी सहमति का था। पुलिस को क्या जल्दबाजी थी। जांच के बाद ही कुछ करना था।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
