बेगूसराय में कोचिंग जा रहे 9वीं के छात्र का अपहरण:प्रेम-प्रसंग में किडनैपिंग का आरोप
बेगूसराय के लोहिया नगर थाना क्षेत्र से 14 साल के छात्र विक्रम कुमार के अपहरण का मामला सामने आया है। 9वीं कक्षा में पढ़ने वाला विक्रम 5 अगस्त की शाम किराए के मकान से कोचिंग के लिए निकला था, लेकिन न तो वह कोचिंग पहुंचा और न ही वापस कमरे पर लौटा। मामले में पिता ने गांव के ही एक पड़ोसी, उसके दो बेटों और अज्ञात सहयोगियों पर हत्या की नीयत से अपहरण करने का आरोप लगाया है।
चेरिया बरियापुर थाना क्षेत्र स्थित सकरबासा गांव के रहने वाले ड्राइवर रामदरेश यादव ने बताया कि उनका 14 वर्षीय छोटा बेटा विक्रम कुमार बेगूसराय के गांधी चौक स्थित एसबीआई एटीएम के पास वाली गली में किराए का कमरा लेकर अपने मंझले भाई विशाल कुमार के साथ रहकर पढ़ाई करता था। विक्रम मिलन चौक स्थित एक इंस्टीट्यूट में शाम 5:00 बजे से 7:00 बजे तक कोचिंग पढ़ने जाता था।
5 अगस्त को शाम करीब 4:45 बजे विक्रम डेरा से ट्यूशन के लिए निकला था, लेकिन रात 8:00 बजे तक वापस नहीं लौटा। विक्रम रात 8 बजे तक वापस नहीं आया, तो मंझला भाई विशाल कुमार उसकी खोजबीन करने कोचिंग संस्थान पहुंचा। वहां कोचिंग के डायरेक्टर ने बताया कि विक्रम आज पढ़ने आया ही नहीं था। इसके बाद विशाल ने परिजनों को इसकी सूचना दी।
पिता का आरोप- जिस लड़की से बात करता था, उसके पिता का अपहरण में हाथ
जानकारी मिलते ही पिता रामदरेश यादव रात में ही बेगूसराय पहुंचे और शहर में संभावित जगहों पर बेटे की काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कोई पता नहीं चल सका। पिता रामदरेश यादव का आरोप है कि अपहरण के पीछे उनके अपने ही गांव के शिवचंद्र सहनी और उसके बेटों का हाथ है। विक्रम शिवचंद्र सहनी की बेटी से मोबाइल पर बात करता था।
जब इसकी जानकारी शिवचंद्र सहनी को हुई, तो करीब 6 महीने पहले उसने रामदरेश यादव को धमकी दी थी कि अपने बेटे विक्रम को समझा लो कि मेरी बेटी से बात नहीं करे, वरना अंजाम बहुत बुरा होगा। तुम्हारे बेटा को उठा लेंगे। इस धमकी के बाद पिता डर गए थे और बेटे को सुरक्षित रखने के लिए गांव से हटाकर पढ़ाई के लिए बेगूसराय शहर में बड़े भाई के साथ रख दिया था।रामदरेश यादव का कहना है कि 4 अगस्त को मेरे दोनों बेटे विक्रम और विशाल घर से बेगूसराय आए थे। घटना वाले दिन 5 अगस्त की सुबह करीब 8:00 बजे शिवचंद्र सहनी, उसका बड़ा बेटा अंकित कुमार, छोटा बेटा विवेक कुमार एवं 2 अज्ञात लोग सकरबासा स्थित उसके घर के आसपास घूम रहे थे। उन्होंने परिजनों से विक्रम के संबंध में पूछताछ की। परिजनों ने बताया कि विक्रम गांव में नहीं है और बेगूसराय में रहकर पढ़ाई कर रहा है।
इसके बाद वे लोग वहां से चले गए। इसके बाद ही शाम को बेगूसराय से विक्रम संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गया। शिवचंद्र सहनी, उसके बेटों अंकित कुमार एवं विवेक कुमार तथा अन्य अज्ञात लोगों ने मिलकर उनके बेटे की हत्या करने की नीयत से उसका अपहरण कर लिया है। शिवचंद्र का एक रिश्तेदार भी मिलन चौक के समीप डेरा लेकर रहता है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए लोहिया नगर पुलिस मामला दर्ज कर लिया है। लोहिया नगर थानाध्यक्ष विकास कुमार ने बताया कि मामले की जांच पुलिस अवर निरीक्षक (SI) शाहीन फिरदौस को सौंपी गई है। पुलिस तकनीकी सर्विलांस और स्थानीय सूत्रों की मदद से छात्र की सकुशल बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
