15 साल बाद कुख्यात नक्सली प्रदीप धराया,हत्या सहित कई मामलो में मुख्य आरोपी
पटना.गया.डुमरिया.जिले के नक्सल प्रभावित डुमरिया थाना क्षेत्र से जुड़े एक बड़े मामले में पुलिस को अहम सफलता मिली है। करीब 15 वर्षों से फरार कुख्यात नक्सली प्रदीप यादव को झारखंड के पलामू जिला अंतर्गत नौडीहा बाजार के पास रबदी गांव से गिरफ्तार कर लिया गया। बताया जाता है कि प्रदीप यादव वर्ष 2012 में डुमरिया थाना क्षेत्र के बागपुर गांव के समीप पहाड़ी जंगल में सर्च ऑपरेशन के दौरान सीआरपीएफ जवानों पर हमला, हथियार लूटने और हत्या के प्रयास का मुख्य आरोपी था। इस हमले में कई जवान घायल हुए थे। घटना के बाद से वह लगातार फरार रहकर नक्सली गतिविधियों में संलिप्त था।
गुप्त सूचना पर चली संयुक्त कार्रवाई
इमामगंज एसडीपीओ कमलेश कुमार ने बताया कि कांड संख्या 04/12 के आरोपी के झारखंड में होने की सूचना मिली थी। इसके आधार पर गया पुलिस, एसएसबी और जिला पुलिस की संयुक्त टीम ने पलामू में छापेमारी की। पुलिस को देखकर आरोपी भागने लगा, लेकिन टीम ने तत्परता दिखाते हुए उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई एसएसपी सुशील कुमार एवं एसएसबी के द्वितीय कमान अधिकारी रविशंकर कुमार के निर्देशन में की गई। अभियान का नेतृत्व एसएसबी डुमरिया की 29वीं वाहिनी के निरीक्षक संतोष कुमार ने किया।
पूछताछ में मिल रही अहम जानकारी
गिरफ्तार नक्सली की पहचान पलामू जिले के कोवल गांव निवासी 45 वर्षीय प्रदीप यादव के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार पूछताछ में उससे कई अहम जानकारियां मिली हैं, जिनके आधार पर नक्सली नेटवर्क पर आगे कार्रवाई की जाएगी।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
