समस्तीपुर में बूढ़ी गंडक के 10 घाटों पर छठ की तैयारी शुरू, खतरनाक घाटों पर बैरिकेडिंग
समस्तीपुर,लोक आस्था के महापर्व छठ को लेकर शहर में तैयारियां शुरू हो गई हैं। बूढ़ी गंडक नदी के किनारे स्थित करीब 10 घाटों पर शहर के व्रती भगवान भास्कर को अर्घ्य अर्पित करते हैं। इसे देखते हुए नगर निगम ने घाटों की सफाई और पहुंच पथों को दुरुस्त करने का काम शुरू कर दिया है। रविवार को प्रसाद घाट, नीम गली घाट, नीम गली सीढ़ी घाट और रामगोविंद प्रसाद घाट पर निगमकर्मी सफाई करते दिखे। वहीं, घाटों तक पहुंचने वाले रास्तों को सुगम बनाने के लिए जेसीबी से समतलीकरण कराया जा रहा है।
शहर में बूढ़ी गंडक नदी की मौजूदगी के कारण बड़ी संख्या में लोग नदी घाटों पर ही छठ पूजा करना पसंद करते हैं। ऐसे में इन घाटों पर व्रतियों और श्रद्धालुओं की भीड़ जुटने की संभावना है। पूजा के दौरान किसी को परेशानी नहीं हो, इसके लिए सफाई के साथ अन्य जरूरी व्यवस्थाएं समय पर पूरी करना निगम और प्रशासन के लिए चुनौती होगी। नगर निगम की ओर से फिलहाल घाटों के आसपास जमा गंदगी हटाने और रास्तों को समतल करने का काम किया जा रहा है। जेसीबी से रास्तों को दुरुस्त किया जा रहा है, ताकि व्रती सूप, दउरा और पूजन सामग्री लेकर आसानी से घाटों तक पहुंच सकें। घाटों पर जमा मिट्टी, कचरा और झाड़ियों की सफाई भी जरूरी है।
छठ की तैयारियों को लेकर घाटों की सफाई, संपर्क पथों की मरम्मत, बैरिकेडिंग, रोशनी, शौचालय, चेंजिंग रूम, पार्किंग और खतरनाक स्थानों की पहचान जैसे इंतजामों पर जोर दिया गया है। समस्तीपुर में भी इसी तरह सफाई के साथ सुरक्षा और नागरिक सुविधाओं की समन्वित व्यवस्था जरूरी होगी। समस्तीपुर नगर निगम ने दुर्गा पूजा के दौरान भी रोशनी, पेयजल, सफाई और निगरानी व्यवस्था को दुरुस्त करने के निर्देश दिए थे। अब छठ के लिए इन व्यवस्थाओं को घाटों पर प्रभावी तरीके से लागू करना महत्वपूर्ण होगा। फिलहाल घाटों पर सफाई और रास्तों के समतलीकरण का काम शुरू हुआ है। अब निगाह इस बात पर रहेगी कि नगर निगम और जिला प्रशासन घाटों के निरीक्षण, सुरक्षा इंतजाम, रोशनी, पेयजल और अन्य सुविधाओं को कितनी तेजी से पूरा करते हैं, ताकि व्रती सुरक्षित और सुविधाजनक माहौल में अर्घ्य दे सकें।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
