सार्वजनिक स्थलों से मेट्रो जुड़ेगी:तभी बढ़ेंगे यात्री, पटना में केंद्रीय टीम ने किया निरिक्षण
पटना,केंद्रीय टीम ने पटना मेट्रो का निरीक्षण किया और यात्रियों की लगातार कम होती संख्या पर चिंता जताई। टीम ने माना कि देश के अन्य शहरों की तुलना में पटना मेट्रो का इन्फ्रास्ट्रक्चर काफी बेहतर है, लेकिन जब तक इसे सार्वजनिक और यूटिलिटी स्थलों से नहीं जोड़ा जाएगा, तब तक यात्री बढ़ना मुश्किल है।
मेट्रो परिचालन की शुरुआत 6 अक्टूबर 2025 को हुई थी। तब से अबतक 3,37,885 यात्रियों ने ही सफर किया है। पहले महीने (अक्टूबर 2025) में यह संख्या 83,571 रही थी और अप्रैल में यह सिमटकर 9,990 पर पहुंच गई। हालांकि, 2 जुलाई को रूट का विस्तार मलाही पकड़ी तक होने के बाद यात्रियों की संख्या में मामूली सुधार आया है। पीएमजी के रणनीति प्रमुख श्वेतांक सिन्हा और एसोसिएट रणनीति अनुराग त्रिपाठी ने मेट्रो अधिकारियों के साथ तकनीकी और व्यावहारिक पहलुओं पर मंथन किया। इससे पहले टीम ने भूतनाथ स्टेशन से मलाही पकड़ी तक मेट्रो से सफर किया और मोइनुल हक स्टेडियम स्थित निर्माणाधीन सेक्शन का जायजा लिया।
यात्रियों की बेरुखी के 5 बड़े कारण
लंबी फ्रीक्वेंसी : ट्रेनों के बीच 25-30 मिनट का लंबा अंतराल, जिससे लोगों का समय बर्बाद होता है।
छोटा दायरा : वर्तमान में बेहद सीमित दूरी में परिचालन होना।
कनेक्टिविटी का अभाव : कॉलेज, विश्वविद्यालय, पीएमसीएच, रेलवे स्टेशन जैसे भीड़भाड़ वाले मुख्य केंद्रों से अभी न जुड़ना।
सवारी की पुरानी आदत : कम दूरी के लिए लोगों की पहली पसंद अब भी ऑटो और बस ही बने रहना।
प्रचार-प्रसार की कमी : यात्रियों के बीच मेट्रो के रूट, समय और सुविधाओं को लेकर पर्याप्त जानकारी का न होना।
विस्तार की समयसीमा : कब, कहां तक दौड़ेगी मेट्रो
खेमनीचक से मीठापुर (3.1 किमी एलिवेटेड) : जून 2027 तक परिचालन का लक्ष्य। इस रूट पर जगनपुरा, रामकृष्णानगर और मीठापुर स्टेशन होंगे।
मलाही पकड़ी से पटना जंक्शन (7.92 किमी अंडरग्राउंड) : वर्ष 2028 तक पूरा करने की समयसीमा तय की गई है। इसके तहत राजेंद्र नगर, मोइनुल हक स्टेडियम, पटना विवि, पीएमसीएच, गांधी मैदान और आकाशवाणी स्टेशन जुड़ेंगे।
ढ़ेगी क्षमता : अभी पाटलिपुत्र बस टर्मिनल से मलाही पकड़ी तक 6.2 किमी में 3 कोच वाली ट्रेन चल रही है। नेटवर्क का विस्तार होने पर 6 कोच की रैक चलाई जाएगी।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
