समस्तीपुर में चक्रवात ‘मोन्था’ का असर:तेज हवा और हल्की बारिश से ठंड का एहसास
समस्तीपुर में चक्रवात ‘मोन्था’ का असर दिख रहा है। बारिश और ठंडी हवाओं का दौर जारी है। शनिवार सुबह से ही बूंदाबांदी हो रही है। शहर में कई जगहों पर जल जमाव की स्थिति बनी है। अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। दो दिनों के अंदर अधिकतम तापमान में 8.2 डिग्री सेल्सियस गिरावट दर्ज की गई है। जिससे ठंड का एहसास हो रहा है। लोगों ने गरम कपड़े निकालना भी शुरू कर दिया है.डॉक्टर राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय मौसम विभाग के वैज्ञानिक डॉ. अब्दुल सत्तार ने आगामी 4 नवंबर तक के लिए पूर्वानुमान जारी किया है। अगले 12 से 24 घंटे तक चक्रवर्ती तूफान का प्रभाव बरकरार रहने की संभावना है। उन्होंने कहा कि ज्यादातर स्थानों पर हल्की-हल्की बारिश हो सकती है।
कुछ स्थानों पर मध्यम वर्ष भी होगी। 1 नवंबर को दोपहर के बाद मौसम में सुधार हो सकता है। इस अवधि में अधिकतम तापमान 25 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की उम्मीद है। जबकि न्यूनतम तापमान 21 से 23 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। पूर्वानुमान अवधि में 7 से 10 किलोमीटर की रफ्तार से पूर्वा हवा चलने की संभावना है।
किसानों के लिए सुझाव जारी
मौसम विभाग की ओर किसानों के लिए सुझाव भी जारी किया गया है। मौसम खराब होने की वजह से किसान धान की कटनी और दौनी के कार्य को स्थगित रखें। मौसम साफ होने के बाद कटनी का कार्य करें। जिन किसानों के खेत में पानी और जल जमाव की स्थिति हो गई है, अपने खेत से पानी निकालने का उचित इंतजाम कर लें।मौसम को देखते हुए रवि फसल, मक्का की बुआई दो-तीन दिनों बाद करें। आलू की रोपनी के लिए तापमान अनुकूल हो रहा है। किसान खेत की तैयारी कर रोपनी दो-तीन दिनों बाद शुरू कर सकते हैं । लहसुन की बुआई भी दो-तीन दिनों बाद कर सकते हैं । प्याज की बुआई नर्सरी में दो-तीन दिनों के बाद करें। धनिया की बुआई भी दो-तीन दिनों बाद किया जा सकता है।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
