डाकघर पहुंचकर छात्रों ने जाना पत्राचार और डाक सेवाओं का महत्व
मुजफ्फरपुर। मधुबनी।नयी राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत अनुभव आधारित शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय, जवाहरनगर के कक्षा चार के विद्यार्थियों को शैक्षणिक भ्रमण कराया गया. “अपने आसपास की दुनिया की खोज” गतिविधि के अंतर्गत छात्र-छात्राओं ने सुरसंड उप डाकघर पहुंचकर डाक व्यवस्था, पत्राचार की परंपरा व डाक सेवाओं की उपयोगिता की जानकारी प्राप्त की. कार्यक्रम का नेतृत्व विद्यालय के प्रधानाध्यापक राजेश कुमार रंजन ने किया. उप डाकपाल शेखर ठाकुर एवं पिंटू पासवान ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए उन्हें डाकघर की कार्यप्रणाली से अवगत कराया. उन्होंने बच्चों को बताया कि पुराने समय में पत्र लोगों के बीच संवाद का प्रमुख माध्यम हुआ करता था और आज भी भारतीय डाक सेवा विभिन्न क्षेत्रों में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है. इस दौरान विद्यार्थियों को पोस्टकार्ड उपलब्ध कराकर पत्र लिखने का व्यावहारिक अनुभव भी कराया गया. बच्चों ने उत्साह के साथ पत्र लेखन की प्रक्रिया को समझा और डाक से संबंधित विभिन्न जानकारियां प्राप्त कीं.
विद्यालय के शिक्षक मो आदिल ने भारतीय डाक सेवा से संबंधित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन किया. इसमें विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया. प्रतियोगिता में श्रीणिका कुमारी व वैदिक वंदन ने संयुक्त रूप से प्रथम स्थान प्राप्त किया. वहीं पीयूष कुमार द्वितीय व अदनान अंसारी तृतीय स्थान पर रहे. मौके पर विद्यालय प्रबंधन समिति के पूर्व सदस्य, शिक्षाविद एवं समाजसेवी हरिनारायण प्रसाद ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें बिस्कुट व टॉफियां वितरित कीं. शिक्षिका कुमारी शहनाज ने भी विद्यार्थियों को डाक व्यवस्था व पत्र लेखन के महत्व की जानकारी दी. मौके पर विद्यालय के शिक्षक एवं अन्य कर्मी मौजूद रहे. शैक्षणिक भ्रमण से विद्यार्थियों को किताबों से बाहर निकलकर वास्तविक जीवन की व्यवस्थाओं को समझने का अवसर मिला.