Patna

पंजाब में ढूंढी गुम लड़की:कुंडली से 10 साल पहले अचानक गायब हुई; बिहार से परिवार बुला मिलवाया

पटना.हरियाणा पुलिस के एक सब इंस्पेक्टर ने परिवार से बिछड़ी बिहार की बच्ची को 10 साल बाद पंजाब में ढूंढकर परिवार से मिला दिया। बच्ची हरियाणा के सोनीपत से गुम हुई थी। फिर वह पंजाब पहुंची। जहां 10 साल तक वह पटियाला के बाल घर में रही। वहीं रहकर उसने पढ़ाई की।

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बेटी के गुम होने से पिता को ऐसा सदमा लगा कि उनकी मौत हो गई। हालांकि सब इंस्पेक्टर को जब इसका पता चला तो उसने परिवार की तलाश शुरू कर दी। आखिर में 7 साल की उम्र में गुम हुई बेटी 17 साल की उम्र में फिर से मां और परिवार से मिल गई।

 

जब उसकी मां को बुलाया गया तो 4 महिलाओं के बीच उसने अपनी मां को पहचाना और उसके गले जा लगी। जिसके बाद कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर लड़की को उसके घर भेज दिया गया। हाल ही में उसकी उम्र 17 साल हुई तो उसे जालंधर के गांधी वनीता आश्रम में शिफ्ट कर दिया गया था। लड़की कैसे गुम हुई, हरियाणा पुलिस के सब इंस्पेक्टर को कैसे पता चला और अंत में परिवार तक कैसे पहुंची, ये कहानी जानने के लिए पढ़िए पूरी रिपोर्ट…

 

 

परिवार कुंडली आया, खेलते वक्त गायब हुई: रूपा की मां शांति ने बताया कि 2015 में उनके पति ललित राम पूरे परिवार के साथ पूर्णिया, बिहार से दिल्ली आए। वह सोनीपत में कुंडली के पास रहने लगे। उनके दो बेटे व एक बेटी है। बेटी सात साल की थी। बाहर खेल रही थी और अचानक गायब हो गई। उनके पति, रिश्तेदार व सभी ने मिलकर बेटी को ढूंढा। उन्हें पता लगा कि कोई बेटी को उठाकर ले गया। थाने गए और शिकायत दी। पुलिस ने कुछ दिन बाद 17 मई 2015 को बच्ची के गुम होने की एफआईआर दर्ज की।

बेटी को ढूंढते-ढूंढते पिता की मौत हुई: मां ने कहा कि बेटी के गुम होने से पिता को आघात लगा। वो कई सालों तक कुंडली के आसपास अपनी बेटी को ढूंढते थे। छुट्‌टी वाले दिन वो अकसर भीड़भाड़ वाले इलाकों में जाकर बेटी को ढूंढते रहे। इसी कारण बीमार हो गए और दो साल पहले उनकी मौत हो गई।

गायब होने के एक महीने बाद पंजाब पहुंची: सोनीपत से गायब होने के बाद रूपा एक साल बाद 1 मई 2016 को रेलवे स्टेशन सरहिंद में लावारिस हालत में मिली। 7 साल की बच्ची को कुछ याद नहीं था कि एक साल वह कहां रही। डिस्ट्रिक्ट चाइल्ड वेलफयर सोसायटी ने उसे पटियाला के बाल सुधार गृह में भेज दिया। वहीं पर उसका 10 साल तक लालन पोषण हुआ। 13 फरवरी को उसे जालंधर के नारी निकेतन में भेजा गया।

Pargati Singh

न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।

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