स्कार्पियो वैशाली में खड़ी, गयाजी में कटा चालान:हंसी भी आती है
पटना।गयाजी में एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है। वैशाली के लालगंज निवासी आनंद प्रकाश की स्कार्पियो उनके घर पर खड़ी थी, लेकिन उसी नंबर पर गयाजी में बगैर हेलमेट का उस समय का 1500 रुपए का चालान काट दिया गया। हैरानी की बात यह कि चालान में हेलमेट नहीं पहनने और बदतमीजी जैसे आरोप दर्ज हैं।
आनंद प्रकाश को इस पूरे मामले की जानकारी तब हुई, जब वे वैशाली में अपनी स्कार्पियो का पॉल्यूशन और इंश्योरेंस कराने पहुंचे। सिस्टम में जांच के दौरान पता चला कि गाड़ी नंबर पर पहले से चालान लंबित है। बिना चालान भरे न तो इंश्योरेंस हो सकता था और न ही पॉल्यूशन सर्टिफिकेट मिल सकता था। मजबूरी में आनंद प्रकाश को 155 किलोमीटर की दूरी तय कर गयाजी आना पड़ा।
पीड़ित का कहना है कि चालान पिछले साल फरवरी का है। उस समय वे गयाजी कभी आए ही नहीं थे। उनकी स्कार्पियो पूरे समय वैशाली में थी। इसके बावजूद चार पहिया वाहन के नंबर पर दो पहिया वाहन का चालान दर्ज कर दिया गया। अब समस्या यह है कि नंबर स्कार्पियो का है और चालान बाइक का। ऐसे में न चालान भरने की प्रक्रिया साफ है और न ही गलती सुधारने का रास्ता आसान।
155 किलोमीटर दूर 1500 रुपये का चालान भरने पहुंचे
आनंद प्रकाश ने कहा कि 155 किलोमीटर दूर से आकर 1500 रुपये का चालान भरना न सिर्फ आर्थिक बोझ है, बल्कि मानसिक प्रताड़ना भी। यह पूरी तरह पुलिस कर्मियों की लापरवाही को दिखाता है। चालान देखकर हंसी भी आती है और हैरानी भी होती है। आम लोगों को इस तरह बिना गलती के परेशान किया जा रहा है।ट्रैफिक पुलिस चालान काटने से पहले कम से कम यह तो जांच करें कि संबंधित नंबर किस तरह की गाड़ी का है। चार पहिया वाहन के नंबर पर बाइक का चालान सिस्टम की बड़ी चूक है। इससे लोगों का समय, पैसा और भरोसा तीनों बर्बाद हो रहे हैं।
मामले में ट्रैफिक पुलिस डीएसपी मनोज कुमार से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन फोन की घंटी बजती रही। कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
