महाबोधि मंदिर में मुख्य न्यायाधीश पहुंचे:मध्यस्थता 0.2 अभियान को दिखाई हरी झंडी
पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति संगम कुमार साहू ने बोधगया स्थित विश्वविख्यात महाबोधि मंदिर के गर्भ गृह में भगवान बुद्ध के चरणों में शीश झुकाया। 31 जनवरी की शाम में उनका यह दौरा पूरी तरह आध्यात्मिक रहा। उनके साथ गया के डीएम व बोधगया टेंपल मैनेजमेंट कमेटी (बीटीएमसी) के अध्यक्ष शशांक शुभंकर भी मौजूद रहे।
आवासीय भिक्षुओं ने किया स्वागत
महाबोधि मंदिर परिसर में पहुंचते ही मुख्य न्यायाधीश का स्वागत मंदिर के आवासीय भिक्षुओं ने किया। इस मौके पर विनेरेबल भिक्षु चालिंदा, भंते दिनानंद, महाबोधि मंदिर के केयरटेकर भिक्षु, भंते डॉ. मनोज और बीटीएमसी सदस्य डॉ. अरविंद कुमार सिंह उपस्थित रहे। परंपरागत तरीके से अतिथि का अभिनंदन किया गया।
मुख्य न्यायाधीश ने मंदिर के मुख्य गर्भगृह में दीप प्रज्ज्वलित किया। धूप और पुष्प अर्पित कर बुद्ध की वंदना की। इस दौरान भिक्षुओं ने पवित्र सूतों का पाठ किया। त्रिरत्न—बुद्ध, धम्म और संघ—की मंगल कामनाओं का आह्वान किया गया। मंदिर परिसर मंत्रोच्चार से गुंजायमान रहा।न्यायमूर्ति साहू को पवित्र बोधिवृक्ष तक ले जाया गया। यहां उन्होंने पुष्प अर्पित कर ध्यानमग्न होकर प्रार्थना की। कुछ क्षणों तक वे पूरी तरह से मौन साधना में एक साधक के तरह लीन दिखे। बोधगया की शांति और आध्यात्मिक वातावरण ने पूरे कार्यक्रम को विशिष्ट बना दिया।
बीटीएमसी की ओर से मुख्य न्यायाधीश को स्मृति-चिह्न भेंट किए गए। इसमें महाबोधि मंदिर की प्रतिकृति, बोधिपत्र, बीटीएमसी की ओर से प्रकाशित पुस्तिकाएं द बोधि ट्री और द लीजेंड्स ऑफ बुद्ध के साथ एक कला पोर्टफोलियो शामिल था।
अभियान की औपचारिक शुरुआत की
महाबोधि मंदिर दर्शन के बाद पटना हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति संगम कुमार साहू का दौरा केवल आध्यात्मिक नहीं रहा, बल्कि न्यायिक सुधार के संदेश के साथ आगे बढ़ा। उन्होंने “राष्ट्र के लिए मध्यस्थता 0.2” अभियान की औपचारिक शुरुआत की। यह अभियान राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार, नई दिल्ली और सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश पर 90 दिनों तक चलाया जाएगा।
अभियान रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया
मुख्य न्यायाधीश सह बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार (बालसा) के संरक्षक ने जिला विधिक सेवा प्राधिकार, गया के परिसर से मध्यस्थता अभियान रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसका उद्देश्य न्यायालयों और सरकारी संस्थाओं में लंबित वादों का त्वरित और सौहार्दपूर्ण समाधान और पक्षकारों के बीच संवाद, सुलह और मध्यस्थता के जरिए न्याय तक पहुंच आसान बनाना है।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
