आरपीएफ ने यात्री को लौटाई 1.5 लाख रुपए की घड़ी:राजधानी एक्सप्रेस ट्रेन में छूटी थी
पटना.गया: पूर्व मध्य रेलवे के डीडीयू मंडल अंतर्गत गया रेलवे स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने सोमवार को दो महत्वपूर्ण कार्यवाहियों को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। आरपीएफ ने अपनी तत्परता, ईमानदारी और मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए एक यात्री की छूटी हुई महंगी कलाई घड़ी लौटाई और एक नाबालिग बच्चे को सुरक्षित रेस्क्यू किया।
‘ऑपरेशन अमानत’ के तहत, 22 दिसंबर 2025 को गाड़ी संख्या 12302 डाउन हावड़ा–नई दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस में यात्रा कर रहे शिवम सिंह की एक कीमती RADO कंपनी की कलाई घड़ी कोच संख्या B-3, सीट संख्या 26 पर छूट गई थी। डीडीयू से गया के बीच मार्ग रक्षण ड्यूटी में तैनात अरुण कुमार और उनकी टीम को रेल मदद के माध्यम से इसकी सूचना मिली।
घड़ी की कीमत डेढ़ लाख रुपए बताई गई
घड़ी की अनुमानित कीमत लगभग 1.5 लाख रुपए बताई गई। सूचना मिलते ही आरपीएफ टीम ने तत्परता दिखाते हुए कलाई घड़ी को सुरक्षित बरामद कर रेसुब पोस्ट गया में जमा कराया। आवश्यक सत्यापन के बाद घड़ी को यात्री के भाई लवकुश सिंह को सुपुर्द कर दिया गया। घड़ी वापस मिलने पर यात्री और उनके परिजनों ने आरपीएफ का आभार व्यक्त किया।
12 साल के नाबालिग लड़के का भी किया गया रेस्क्यू
वहीं, ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ के अंतर्गत दूसरी घटना में, गया रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म संख्या-01 पर गश्त के दौरान आरपीएफ को मिडिल एफओबी के नीचे एक लगभग 12 वर्षीय नाबालिग लड़का अकेले और गुमसुम अवस्था में बैठा मिला। पूछताछ में उसने बताया कि वह बिना परिजनों को बताए घूमने के उद्देश्य से घर से निकल आया है।संभावित खतरे को देखते हुए, आरपीएफ कर्मियों ने बच्चे को सुरक्षित रेसुब पोस्ट गया लाकर रेलवे चाइल्ड हेल्प डेस्क को सूचना दी। सूचना पर पहुंचे चाइल्ड हेल्प डेस्क के सुपरवाइजर को नाबालिग को सही-सलामत सुपुर्द कर दिया गया।
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