Samastipur

समस्तीपुर में 2 दिनों में 10 डिग्री गिरा अधिकतम तापमान:11 डिग्री सेल्सियस दर्ज,नहीं निकल रही धूप

समस्तीपुर में दो दिनों से अधिकतम तापमान में रिकॉर्ड 10 डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई है। जिस कारण अधिकतम और न्यूनतम तापमान में ज्यादा फर्क नहीं रह गया है। पिछले 24 घंटा के दौरान समस्तीपुर का अधिकतम तापमान 15.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। जिससे कोल्ड डे जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है।

Dss WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
bihar whatsapp Channel Join Now

 

 

डॉ राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय मौसम विभाग के वैज्ञानिक डॉ अब्दुल सत्तार ने आगामी 24 दिसंबर तक के लिए मौसम पूर्वानुमान जारी किया है। उन्होंने कहा है कि वायुमंडल के ऊपरी हिस्से से ठंडी हवा का प्रवेश व पछिया हवा के कारण कोल्ड डे की स्थिति उत्पन्न हो गई है।अगले दो दिनों तक इस स्थिति में सुधार की संभावना नहीं है। जिससे समस्तीपुर और आसपास के इलाके में कड़ाके की ठंड पड़ेगी। इस दौरान आसमान में हल्के बादल छाए रहने की संभावना है।

 

5 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चल सकती है हवा

 

पूर्वानुमान अवधि में अधिकतम तापमान 18 से 22 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 12 से 13 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की उम्मीद है। इस दौरान 5 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से पछिया हवा चल सकती है। 22 दिसंबर के आसपास पुरवा हवा चल सकती है जिसके बाद मौसम में पुनः परिवर्तन आएगा। इस दौरान सुबह की सापेक्ष आर्द्रता 85 से 95 और दोपहर में 35 से 45% रहने की संभावना है।

 

किसानों के लिए भी जारी की एडवाइजरी

 

कृषि वैज्ञानिक अब्दुल सत्तार ने बताया कि कम तापमान एवं कोल्ड डे जैसी स्थिति को देखते हुए किसान खेतों में उचित नमी बनाए रखें । नमी कम होने पर खेतों में सिंचाई करें। गेहूं की फसल में खाद्य नियंत्रण की व्यवस्था करें। गेहूं की पिछात किस्म की बुवाई 25 दिसंबर तक हर हाल में पूरा कर लें।

 

बुआई से पूर्व खेत की तैयारी के समय आवश्यकता अनुसार खाद का उपयोग करें। आगत बोई गई रवि मक्का की 50 से 55 दिन की फसल में खाद का उपयोग करें । पेड़ पर मिट्टी चढ़ाने का कार्य शुरू करें। गत माह आरोपित आलू की फसल में आवश्यकता अनुसार निकोनी और मिट्टी चढ़ाने का कार्य करें।कहा गया है कि टमाटर की फसल में फल छेदक किट की नियमित निगरानी करें। कृषि वैज्ञानिक ने पशुओं को रात में खुले स्थान पर नहीं रखने की हिदायत दी है। पशुओं के बिछावन के लिए सूखी घास व खर का उपयोग करने की बात कही है। दुधारू पशुओं को संक्रमण से बचने के लिए धान का पुआल 9 खिलावें।

Pargati Singh

न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।

error: Content is protected !!