अवध असम एक्सप्रेस में चलती ट्रेन में बेटी को दिया जन्म:मुजफ्फरपुर जंक्शन पर उतारा गया
मुजफ्फरपुर में चलती ट्रेन में शुक्रवार को एक महिला ने स्लीपर कोच के शौचालय में बच्ची को जन्म दिया। पश्चिम बंगाल के न्यू कूचबिहार की रहने वाली बेबी सुल्ताना अपने पति आलम गिरी के साथ 15910 अवध असम एक्सप्रेस में यात्रा कर रही थीं।
ट्रेन जैसे ही हाजीपुर पहुंची, महिला को अचानक प्रसव पीड़ा हुई और वह कोच के वॉशरूम में चली गईं। थोड़ी देर बाद वहां से नवजात की किलकारी गूंजी तो कोच में सवार यात्री और परिवार खुशी से झूम उठे।ट्रेन के स्लीपर कोच एस-6 में 62 और 64 नंबर बर्थ पर यात्रा कर रही बेबी सुल्ताना को अचानक प्रसव पीड़ा हुई। किसी भी तरह की मेडिकल सुविधा ट्रेन में मौजूद नहीं थी। इस बीच महिला शौचालय गईं और वहां उन्होंने बच्ची को जन्म दिया। जैसे ही बच्ची की आवाज बाहर आई, यात्रियों ने तुरंत कोच कंडक्टर को सूचना दी।
मुजफ्फरपुर जंक्शन पर पहले से तैयार मिली मेडिकल टीम
सूचना मिलते ही कंडक्टर ने रेलवे कंट्रोल को मैसेज भेजा। कंट्रोल से आदेश मिलते ही मुजफ्फरपुर जंक्शन पर डॉक्टरों की टीम और एंबुलेंस पहले से मौजूद रही। इस बीच ट्रेन में महिला को संभालने के लिए स्टैटिक टीटीई, आरपीएफ कांस्टेबल श्वेता लोधी और कांस्टेबल दीपक कुमार महिला के पास पहुंचे और लगातार ढाढ़स बंधाते रहे।जैसे ही ट्रेन मुजफ्फरपुर स्टेशन पहुंची, महिला और बच्ची को एंबुलेंस से सदर अस्पताल भेजा गया। डॉक्टरों की देखरेख में जांच के बाद फिलहाल दोनों को पूरी तरह स्वस्थ बताया गया है।
मैं सभी का आभारी हूं
महिला के पति आलम गिरी ने कहा, ‘चलती ट्रेन में पत्नी की हालत देखकर मैं घबरा गया था। जब बच्ची की आवाज आई तो और डर बढ़ गया, लेकिन रेल प्रशासन और यात्रियों ने तुरंत मदद की, जिसकी वजह से यह संभव हो सका। मैं सभी का आभारी हूं।’महिला के पति ने कहा कि अगर यात्रियों और रेलवे प्रशासन की मदद नहीं मिलती तो चलती ट्रेन में सुरक्षित प्रसव संभव नहीं था। यह घटना भले ही असामान्य हो, लेकिन यात्रियों और रेल प्रशासन की तत्परता ने इसे सुखद याद बना दिया।
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
