समस्तीपुर:मगरदही घाट पुल का 24 माह में पूरा होगा निर्माण कार्य,एजेंसी चयन.. जाम से मिलेगा छुटकारा
समस्तीपुर।जिलावासियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। दरभंगा-समस्तीपुर मार्ग में मगरदही घाट पुल पर जाम की समस्या अब समाप्त हो जाएगी। समस्तीपुर जिला बनने से 21 वर्ष पहले 1951 में बने लोहा पुल की जगह अब बनाया डबल लेन पुल बनेगा। साथ ही मुक्तापुर तक फोरलेन सड़क भी बनेगी। इसके निर्माण की स्वीकृति केंद्र सरकार से मिल गई है। अगस्त से पुल निर्माण शुरू होने की उम्मीद है। विदित हो कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की यात्रा के क्रम में स्थानीय प्रतिनिधियों की मांग पर अमल करते हुए सरकार ने इस आशय का प्रस्ताव लिया और अब केंद्र सरकार से इसकी मंजूरी मिल जाने के बाद दोहरे पुल निर्माण का रास्ता साफ हो गया है।
पुल निर्माण के साथ ही मुक्तापुर तक फोरलेन सड़क निर्माण के लिए भी केंद्र सरकार से स्वीकृति मिल गई है। यही नहीं इसकी निविदा प्रक्रिया भी हो गई है और एजेंसी चयन की प्रकिया अंतिम चरण में है। इसके अनुसार राष्ट्रीय उच्च पथ संख्या-322 के नाम से मथुरापुर से मुक्तापुर आरओबी तक कुल 2.056 किमी लंबी सड़क को फोरलेन में तब्दील करने तथा बूढ़ी गंडक नदी पर 192 मीटर लंबे नए एचएलआरसीसी पुल के निर्माण की महत्वाकांक्षी परियोजना को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय द्वारा मंजूरी मिली है। इसके लिए मंत्रालय द्वारा 58.60 करोड़ रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति भी दी गई है। इससे न सिर्फ दरभंगा जाना आसान हो, जाम की समस्या भी खत्म होगी।
शहर के मगरदही घाट स्थित पुराना जर्जर पुल पर 2018 से आवागमन रोका हुआ है, फिर भी इस पर रोज सैकड़ों दुकानें सजाई जाती है। यहां खरीदारी के लिए सुबह से लेकर शाम तक लोगों की भीड़ लगी रहती है। बूढ़ी गंडक नदी के मगरदही घाट पर 1951 में मुजफ्फरपुर की इंजीनियरिंग कंपनी ने लोहे का पुल बनाया था। उस समय यह दरभंगा जिले का हिस्सा था। बाद में 1972 में समस्तीपुर जिला अलग हुआ। आज इस पुल की कई रेलिंग व सड़क की ढलाई जर्जर होकर अपनी जगह छोड़ चुकी है। फिर भी खतरे की अनदेखी करते हुए इसपर मुख्य रूप से फल, कपड़े, चप्पल, घरेलू सामान आदि की दुकानें सजती हैं।
हटाना होगा अतिक्रमण : भूमि अधिग्रहण की नहीं पड़ी जरूरत स्वीकृत हुए डीपीआर के अनुसार इस पुल निर्माण व सड़क चौड़ीकरण में भूमि अधिग्रहण की कोई आवश्यकता नहीं है। जितनी जगह इसके लिए चाहिए वह सरकार के पास स्वयं उपलब्ध है। बस अतिक्रमणकारियों से सड़क को खाली करानी होगी। एजेंसी चयन के बाद नोटिस देकर सड़क व पुल निर्माण में बाधक अतिक्रमणकारियों से जमीन मुक्त करा लिया जाएगा। इसमें कोई अड़चन नहीं दिख रहा है। जाम की समस्या का निदान हो जाने से आवाजाही सुविधा आसान होगी और विकास की गति तीव्र होगी।लंबे समय से लोग इस पुल की मांग कर रहे थे। इससे जाम की समस्या में कमी आएगी। बेगूसराय, रोसड़ा, दलसिंहसराय की ओर से आने वाले लोगों को दरभंगा जाने में राहत मिलेगी। वही दरभंगा मधुबनी से जाने वाले लोगों को भी राहत मिलेगी।पुल के बन जाने से दलसिंहसराय, उजियारपुर, रोसड़ा के किसानों को बाजार समिति आना भी आसान हो जाएगा। उन्हें जाम की समस्या से जूझना नहीं पड़ेगा।
बूढ़ी गंडक नदी पर पुल निर्माण व मुक्तापुर तक फोरलेन सड़क निर्माण की प्रशासनिक स्वीकृति मिल चुकी है। निविदा प्रक्रिया हो चुकी है, एजेंसी चयन के बाद अगस्त तक कार्य आरंभ हो जाएगा। – अमित कुमार गुप्ता, कार्यपालक अभियंता,एनएच डिवीजन, समस्तीपुर
न्यूज़ टू बिहार में कई सालो में काम करने के साथ,कंटेट राइटर, एडिटिंग का काम कर रही।3 साल का पत्रकारिता में अनुभव।
