Vaishali

बिहार का हर किसान कर पाएगा आधुनिक खेती, यहां जाकर ले सकते हैं ट्रेनिंग..

पटना।
New Farming Techniques: किसानों की आय को दोगुना करने के लिये केंद्र और राज्य सरकार मिलकर प्रयास कर रही हैं. किसानों को भी नई-नई कृषि तकनीकों से जुड़कर आधुनिक खेती (Modern Farming in India) करने के लिये प्रोत्साहित किया जा रहा है. बागवानी फसलों (Horticulture Crops) का रकबा बढ़ाने के लिये अब किसानों को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (Center of Excellence)में आधुनिक खेती के गुर सिखाये जा रहे हैं, ताकि नई तकनीकों (New farming Techniques) से जुड़कर कम मेहनत में किसान अच्छा मुनाफा कमा सके. बिहार में दो सेंटर ऑफ एक्सीलेंट (Center of Excellence, Bihar) बनाये गये हैं, जहां किसानों को उच्च गुणवत्तापूर्ण वाले फलों एवं सब्जियों की बागवानी और इनकी अच्छी पैदावार के लिये नए तकनीकों के प्रयोग की ट्रेनिंग दी जा रही है.

Dss WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
bihar whatsapp Channel Join Now

यहां मिलेगी आधुनिक खेती की ट्रेनिंग
केंद्र सरकार (Central Government) और बिहार कृषि विभाग (Bihar Agriculture Department) के सहयोग से सब्जी की खेती के लिये नालंदा के चण्डी और फलों की बागवानी के लिये वैशाली के देसरी में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के ट्रेनिंग सेंटर बनाये गये हैं. यहां किसानों को बागवानी फसलों की खेती में इस्तेमाल होने वाली आधुनिक तकनीकों और विधियों की जानकारी के साथ-साथ ट्रेनिंग दी जायेगी. इसके लिये बिहार कृषि विभाग, बागवानी निदेशालय (Bihar Horticulture Department) ने प्रशिक्षण के लिये किसानों को आमंत्रित भी किया।
जानकारी के लिये बता दें कि बिहार के नालंदा और वैशाली में स्थिति दोनों सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के ट्रेनिंग सेंटर में आधुनिक खेती की सभी संरचनायें और ढांचे बनाई गई है. यहां पॉलीहाउस के साथ इंसेक्ट वेक्टर मशीन, लो टनल, शेड नेट के अलावा खुले खेतों में फल और सब्जियों की बागवानी की ट्रेनिंग के सभी इंतजामात भी किये गये हैं, जिससे किसानों को आधुनिक खेती के बारे में हर छोटी से छोटी चीज से अवगत करवाया जा सके.

इन चीजों का ज्ञान मिलेगा
जाहिर है कि भारत में बागवानी फसलों की खेती (Horticulture Crops Cultivation) के लिये किसानों को काफी प्रोत्साहित किया जा रहा है. कई किसान सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर फल और सब्जियों की खेती तो कर रहे हैं, लेकिन जानकारी की कमी और सही ट्रेनिंग के अभाव के कारण मेहनत के अनुसार पैदावार नहीं मिल पा रही है. यही कारण है कि देश के अलग-अलग राज्यों अब सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (Center of Excellence) के ट्रेनिंग सेंटर बनाये जा रहे हैं.

यहां किसानों को फल और सब्जियों की पौधशाला (Vegetable Nursery) यानी नर्सरी तैयार करने की आधुनिक ट्रेनिंग (Training of Modern Farming Techniques) दी जा रही है. इन ट्रेनिंग सेशन में किसानों को नर्सरी लगाना, बीजों की बुवाई और अंकुरण से लेकर पौधा तैयार करने तक नर्सरी प्रबंधन (Nursery Management) की नई विधियां और तकनीकें बताई और सिखाई जा रही है. यहां किसानों मिट्टी और जलवायु के अनुसार खेती करने की जानकारी भी मिल रही है.

Kunal Gupta

9 साल का पत्रकारिता का अनुभव।प्रभात खबर में कार्यरत, साथ ही बिहार न्यूज tv, आज अख़बार, दैनिक भास्कर में कार्य का अनुभव।कंटेट राइटर, एडिटिंग का कार्य,पत्रकारिता की हर विधा को सीखने की लगन।

error: Content is protected !!